• Hindi Motivational Quotes

    होली की शुभकामनाएं

    1- रंगों की बौछार, गुझिया की मिठास और अपनो का प्यार, मुबारक हो आपको होली का त्यौहार, होली की शुभकामनाएं। 2- जिस तरह होली के अनेक रंग आपके चेहरे को रंग बिरंगा बना देते हैं, होली का यह त्यौहार आपके जीवन को भी अनेक रंगों से भर दे। 3- होली की रंगो की तरह आपका जीवन भी खुशियों से भर जाएं, आपके और आपके परिवार को होली की शुभकानाएं। 4- आओ खेलें अपनो संग होली, सबसे बोलें मीठी बोली , बैर, द्वेष का भाव मिटा के मनाए हैप्पी होली। 5- होली के इस त्यौहार पर कृष्ण कन्हैया आपके जीवन में…

  • Hindi Motivational Quotes - Quotes

    आज का सुविचार

    आज का सुविचार [ Motivation in hindi] [Motivational lines in hindi] 1- आप जो भी कर रहे हैं, उसका कुछ न कुछ परिणाम अवश्य है, इसलिए कुछ करने से पहले परिणाम के बारे में जरूर सोचें। 2- अपने कल की चिंता में आज व्यर्थ मत करिए, क्योंकि इस तरह से आप अपना वर्तमान खराब कर रहे हैं। 3- इंसान को दूसरों के चिंतन से ज्यादा खुद की तरक्की में समय लगाना चाहिए, क्योंकि दूसरों के चिंतन से केवल समय खराब होता है। 4- अपने हक के लिए संघर्ष करें, लेकिन साथ साथ दूसरों के हित के बारे में भी सोचें।…

  • Blogs - Blogs in Hindi

    अंदर की बुराई से कैसे निपटें?

    अंदर की बुराई से निपटने के लिए सबसे पहले  तो समझना होगा कि आपके अंदर बुराई कौन सी है, क्योंकि बिना बुराई को समझे आप उसको दूर नहीं कर सकते , अधिकांश लोग बाहर की बुराई की बात तो करते हैं लेकिन अंदर की बुराई को सभी लोग इग्नोर कर देते हैं, इंसान के अंदर की बुराई से निपटने के लिए सबसे पहले आप अपने मन पर नजर रखना शुरू करिए, क्योंकि अगर आप अपने मन में नजर नहीं रखेंगे तो आपको पता ही नहीं चल पाएगा कि आपके अंदर कौन सी बुराई है, जब भी आपके मन में विचार…

  • Blogs - Blogs in Hindi

    ईर्ष्या क्यों पैदा होती है, और कैसे बचें इससे?

    ईर्ष्या का जन्म कहां से होता ? ईर्ष्या का जो मूल है, वो हमारा मन है, क्योंकि आपके मन की धारणाएं ही ईर्ष्या को जन्म देती है, और माध्यम दूसरा बनता है।

  • Hindi Motivational Story

    भगवान पर विश्वास

    ईश्वर कुछ न कुछ व्यव्स्था कर देगा कि घर समय से पहुंच जाए, रास्ते में आते समय बहुत सारे लोग मिले जिसे उसने कहा कि उसे घर तक छोड़ दे उसको जल्दी पहुंचना है,

  • Religion

    भगवद्गीता , प्रकृति, पुरुष तथा चेतना

    श्रीकृष्ण अर्जुन से कहते हैं, परमात्मा समस्त इन्द्रियों के मूल स्त्रोत हैं, फिर भी वे इन्द्रियों से रहित हैं। वे समस्त जीवों के पालनकर्ता होकर भी अनासक्त हैं, वे प्रकृति के गुणों से परे हैं, फिर भी वे भौतिक प्रकृति के समस्त गुणों के स्वामी हैं। उनके हांथ, पांव, आंखें, सिर तथा मुह तथा उनके कान सर्वत्र हैं, इस प्रकार परमात्मा सभी वस्तुओं में व्याप्त होकर अवस्थित हैं। परमात्मा समस्त प्रकाशमान वस्तुओं के प्रकाशस्त्रोत हैं। वे भौतिक अंधकार से परे हैं और अगोचर हैं। वे ज्ञान हैं, ज्ञेय हैं, ओर ज्ञान के लक्ष्य हैं। वे सबके हृदय में स्थित हैं।…

  • Hindi Motivational Quotes - Quotes

    भगवत गीता, भगवान का ऐश्वर्य!

    भगवान श्रीकृष्ण अर्जुन से कहते हैं, न तो देवतागण मेरी उत्पत्ति या ऐश्वर्य को जानते हैं, और न महर्षिगण ही जानते हैं, क्योंकि मैं सभी प्रकार से देवताओं और महर्षियों का कारणस्वरूप हूं (उद्गम) हूं। भगवान श्रीकृष्ण अर्जुन से कहते हैं, न तो देवतागण मेरी उत्पत्ति या ऐश्वर्य को जानते हैं, और न महर्षिगण ही जानते हैं, क्योंकि मैं सभी प्रकार से देवताओं और महर्षियों का कारणस्वरूप (उद्गम) हूं। भगवान श्रीकृष्ण अर्जुन से कहते हैं,  जो मुझे अजन्मा, अनादि, समस्त लोकों के स्वामी के रूप में जानता है, मनुष्यों में केवल वही मोहरहित और समस्त पापों से मुक्त होता है।…

  • Blogs in English

    HOW TO BE HAPPY FOREVER?,

    If someone asks you what you want in life you say happiness but when asked how? then you say through the money, through the big house through the family. But you are not sure they all get you permanent happiness because when you have the money you can be happy for a moment may be for a day or month, and after completing the one month of money your mind demands another thing for getting happiness, maybe it demands a big house and after purchasing a big house you will be happy for month or year but after completing a…